साइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं कोरोना वायरस महामारी से सुरक्षा, एन95 मास्क, फे

Covid-19 Spread फेस शील्ड और एन-95 मास्क मिलकर भी कोरोना को नहीं रोक सकते, एक्सपर्ट्स का दावा

Covid-19 Spread: कोरोनाकाल में महामारी (Coronavirus Pandemic) से बचने के लिए उचित सावधानियां बरतने की सलाह दी जा रही है, लेकिन कई बार हमारी नजरों में कई ऐसे लोग भी आते हैं, जिन्हें हम बिना मास्क लगाए सड़कों पर घूमते हुए देखते हैं और कई लोग ऐसे भी हैं जो इन्हें हर वक्त पहने रहते हैं। इस पर ही हुए एक शोध का नतीजा अब सामने आया है। भारतीय-अमेरिकी शोधकर्ताओं द्वारा किए एक शोध में यह चेताया गया कि एक्सहेलेशन वाल्व वाले मास्क के साथ फेस शील्ड पहनने के बाद भी कोरोना की चपेट में आसानी से आया जा सकता है। (covid-19-spread) Also Read - कोरोना के शिकार हुए नितिन गडकरी, ट्विटर पर लोगों से कही ये बातें

क्या फेस शील्ड और मास्क हैं कोरोना के खिलाफ बेअसर?

एक्सपर्ट्स के अनुसारसाइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं, जब कोरोना से संक्रमित कोई व्यक्ति खांसता हैसाइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं, तो उसकी खांसी के साथ निकलने वाली छींटों में मौजूद वायरस फेस शील्ड की दीवारों के बीच घूमते रहते हैं। Also Read - भारत की डॉ. रेड्डीज़ लैब को मिलेगी कोविड-19 वैक्सीन 'स्पुतनिक' की 10 करोड़ खुराकेंसाइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं, कम्पनी देश में उपलब्ध कराएगी ये टीके

फ्लोरिडा अटलांटिक यूनीवर्सिटी (एफएयू) में सीटेक के निदेशकसाइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं, प्राध्यापकसाइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं, नए पोर्टेबल गेमिंग सिस्टम डिपार्टमेंट ऑफ चेयर मनहर धनक कहते हैं, “समय के साथ ये ड्रॉपलेट्स सामने और पीछे की ओर दोनों ही दिशाओं में काफी बड़े पैमाने पर फैलते हैं, हालांकि वक्त की अधिकता के साथ इनके असर में कमजोरी आती जाती है।” Also Read - दुनियाभर में केवल 10 प्रतिशत युवाओं को ही हुआ कोविड संक्रमण, WHO ने बताया 20 वर्ष से कम उम्र वाले महामारी से अब तक सुरक्षित

शोधपत्र के मुख्य लेखक सिद्धार्थ वर्मा रहे हैं,साइमन इलेक्ट्रॉनिक खेल कहते हैं जिनके साथ मिलकर प्रोफेसर धनक ने इसका सह-लेखन किया है। उनके इस काम में जॉन फ्रैंकफील्ड भी साथ रहे हैं, जो एफएयू के डिपार्टमेंट ऑफ ओशन एंड मेकैनिकल इंजीनियरिंग के तकनीकि विशेषज्ञ हैं।

धनक आगे कहते हैं, “हम यह देखने में समर्थ हो पाए हैं कि शील्ड की मदद से ड्रॉपलेट्स को सामने से चेहरे पर पड़ने से तो रोका जा सकता है, लेकिन हवाओं में विचरण करने वाले से ड्रॉपलेट्स शील्ड की दीवारों में पड़ने के साथ ही इधर-उधर प्रसार करते रहते हैं।”

क्या एन95 फेस मास्क कोविड को फैलने से रोक सकता है?

फिजिक्स ऑफ फ्लुइड्स एकेडेमिक जर्नल में प्रकाशित इस अध्ययन में एन-95 मास्क के बारे में बताया कि इसमें मौजूद एक्सहेलेशन वाल्व की मदद से बड़ी संख्या में ड्रॉपलेट्स इनमें से होकर आप तक पहुंच सकते हैं।

इस शोध के लिए रिसर्चरों ने प्रयोगशाला में एक लेजर लाइट शीट और ड्रॉपलेट्स के रूप में डिस्टिल्ड वॉटर व ग्लिसरीन का इस्तेमाल करते हुए इनके विचरण पर गौर फरमाया और पाया कि किसी के खांसने या छींकने से निकलने वाले ये ड्रॉपलेट्स सतह पर व्यापक पैमाने पर फैलते हैं।

कुल मिलाकर, ये स्पष्ट है कि फेस शील्ड और एन-95 मास्क मिलकर भी कोरोना को रोकने की दिशा में उस हद तक कारगर नहीं हैं। ऐसे में बिना वाल्व वाले आम मास्क का उपयोग वायरस से बचने के लिए किया जा सकता है।

Published : September 2, 2020 6:46 pm | Updated:September 2, 2020 6:49 pm Read Disclaimer Comments - Join the Discussion महानायक अमिताभ की नातिन से सुनाई एंग्जाइटी और थेरैपी की आपबीती, जानिएं क्या है ये समस्यामहानायक अमिताभ की नातिन से सुनाई एंग्जाइटी और थेरैपी की आपबीती, जानिएं क्या है ये समस्या महानायक अमिताभ की नातिन से सुनाई एंग्जाइटी और थेरैपी की आपबीती, जानिएं क्या है ये समस्या बिना किसी इलाज के दुनिया में पहली बार ठीक हुआ एचआईवी का मरीजबिना किसी इलाज के दुनिया में पहली बार ठीक हुआ एचआईवी का मरीज बिना किसी इलाज के दुनिया में पहली बार ठीक हुआ एचआईवी का मरीज ,,